इंडियन आर्मी रोचक तथ्य

भारतीय सेना का प्राथमिक उद्देश्य राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रवाद की एकता सुनिश्चित करना, राष्ट्र को बाहरी आक्रमण और आंतरिक खतरों से बचाव, और अपनी सीमाओं पर शांति और सुरक्षा को बनाए रखना हैं। यह प्राकृतिक आपदाओं और अन्य गड़बड़ी के दौरान मानवीय बचाव अभियान भी चलाते है और आंतरिक खतरों से हमारी सुरक्षा करती है।

69

इंडियन आर्मी के बारे में रोचक तथ्य, (Indian Army interesting facts in hindi)

भारत विश्व का एक अकेला और अनोखा देश जिसे पूरे संसार में तीन नामो से जाना जाता है- भारत,हिन्दुस्तान और इंडिया। क्या आप लोगों ने कभी इस बात पर गौर किया है कि ह्मारे देश का नाम भारत उसेक बाद हिन्दुस्तान और अब यह मॉडर्न नाम इंडिया क्यू रखा गया तो चलिए आपको बताते है भारत के इंडिया तक के नामकरण की कहानी।

मेरा भारत महान

भारत

हमारे देश का नाम दरअसल भारत रखने के पीछे रखने का कारण है राजा भरत- महाभारत में एक कुरूवंश के राजा दुष्यंत और उनकी पत्नी शकुंतला के प्रतापी पुत्र भरत के नाम पर ही देश का नाम भारतवर्ष पड़ा।

हिन्दुस्तान

हिमालय के पश्चिम में सिंधु नदी बहती है और एक बहुत बड़ा भू-भाग इससे घिरा है। इस भू-भाग को सिंधु घाटी कहते हैं। सिंधु घाटी सभ्यता बहुत प्रसिद्ध हुई है। मध्ययुग में जब तुर्किस्तान से कुछ विदेशी लुटेरे और ईरानी लोग देश में आये तो सर्वप्रथम उन्होंने सिंधु घाटी में प्रवेश किया। यहां के निवासियों को उन्होंने हिन्दू नाम दिया, जो सिंधु का ही एक अपभ्रंश है। हिन्दुओं के देश को उन्होंने हिन्दुस्तान के नाम से जाना और प्रचलित किया।

Advertisement

इंडिया

अब आपको हमारे भारतवर्ष के 2 नामो की कहानी का तो पता चल ही गया तो अब आपको बताते हैं कि हिन्दुस्तान का नाम इंडिया क्यू रखा गया। सिंधु नदी का दूसरा नाम इंडस वैली भी कहा जाता था। सिंधु घाटी की सभ्यता रोम की सभ्यता की तरह प्रसिद्ध थी और पूरे देश में फैली हुई थी। इंडस वैली के कारण ही देश का नाम इंडिया पड़ा।

इंडिया जितना प्रसिद्ध अपनी संस्कृति, विभिन्न भाषाओ, ख़ान-पान और अपनी अनेकता में एकता की संस्कृति के लिए, उतना ही भारत या कह लीजिए कि इंडिया अपनी शश्त्र सीमा बल की लिए भी प्रसिद्ध है| भारत ना केवल विश्व का दूसरा सबसे आबादी वाला देश है अगर ताक़त के मुक़ाबले भी देखा जाए तो इंडिया के पास विश्व की सबसे बड़ी आर्मी है|

भारतीय थलसेना

सेना की भूमि-आधारित दल की शाखा है और यह भारतीय सशस्त्र बल का सबसे बड़ा अंग है। भारतीय सेना का प्राथमिक उद्देश्य राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रवाद की एकता सुनिश्चित करना, राष्ट्र को बाहरी आक्रमण और आंतरिक खतरों से बचाव, और अपनी सीमाओं पर शांति और सुरक्षा को बनाए रखना हैं। यह प्राकृतिक आपदाओं और अन्य गड़बड़ी के दौरान मानवीय बचाव अभियान भी चलाते है और आंतरिक खतरों से हमारी सुरक्षा करती है।

भारत का राष्ट्रपति, थलसेना का प्रधान सेनापति होता है और इसकी कमान भारतीय थलसेनाध्यक्ष के हाथों में होती है पर क्या आप इन सब बतो के अतिरिक्त कुछ और दिलचस्प बाते जानना चाहेंगे भारतीय थलसेना के बारे में तो चलिए बताते है आपको कुछ और बाते जो शायद आपने सुनी नही होंगी।

इंडियन आर्मी के बारे में रोचक तथ्य

  1. इंडियन आर्मी की स्थापना- इंडियन आर्मी  की सर्वप्रथम स्थापना सन् 1776 में (कोलकाता में) ईस्ट इंडिया कंपनी के द्वारा की गयी थी जब इसका नाम ब्रिटिश ईस्ट इंडियन आर्मी था| अभी देश भर में भारतीय सेना की 53 छावनियां और 9 आर्मी बेस हैं। भारतीय सेना में सैनिक अपनी मर्जी से शामिल होते हैं। हालांकि संविधान में जबरन भर्ती का भी प्रावधान है लेकिन इसकी जरूरत कभी नहीं पड़ी।

    भारतीय आर्मी रैंकिंग
  2. दुनिया की सबसे बड़ी आर्मी- भारत के पास दुनिया की सबसे बड़ी थल सेना है। यही वजह है कि दुनिया के देश भारतीय सेना का लोहा मानते हैं। भारतीय सेना के पास 1,200,255 सक्रिय और 990960 रिजर्व सैनिक मौजूद हैं
  3. भारतीय सेना दिवस- सेना दिवस, भारत में हर वर्ष 15 जनवरी को लेफ्टिनेंट जनरल (बाद में फ़ील्ड मार्शल) के. एम. करियप्पा के भारतीय थल सेना के शीर्ष कमांडर का पदभार ग्रहण करने के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। उन्होंने 15 जनवरी 1949 को ब्रिटिश राज के समय के भारतीय सेना के अंतिम अंग्रेज शीर्ष कमांडर जनरल रॉय फ्रांसिस बुचर से यह पदभार ग्रहण किया था। यह दिन सैन्य परेडों, सैन्य प्रदर्शनियों व अन्य आधिकारिक कार्यक्रमों के साथ नई दिल्ली व सभी सेना मुख्यालयों में मनाया जाता है। इस दिन उन सभी बहादुर सेनानियों को सलामी भी दी जाती है जिन्होंने कभी ना कभी अपने देश और लोगों की सलामती के लिये अपना सर्वोच्च न्योछावर कर दिया।
  4. 15 अगस्त 1947 को जब भारत स्वतंत्र हुआ, तो देश भर में व्याप्त दंगे-फसादों तथा शरणार्थियों के आवागमन के कारण उथल-पुथल का माहौल था। इस कारण कई प्रशासनिक समस्याएं पैदा होने लगी और फिर स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सेना को आगे आना पड़ा। इसके पश्चात एक विशेष सेना कमांड का गठन किया गया, ताकि विभाजन के दौरान शांति-व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके। परन्तु भारतीय सेना के अध्यक्ष तब भी ब्रिटिश मूल के ही हुआ करते थे। 15 जनवरी 1947 को फील्ड मार्शल के एम करिअप्पा स्वतंत्र भारत के पहले भारतीय सेना प्रमुख बने थे।उस समय भारतीय सेना में लगभग 2 लाख सैनिक थे। उनसे पहले यह पद कमांडर जनरल रॉय फ्रांसिस बुचर के पास था। उसके बाद से ही प्रत्येक वर्ष 15 जनवरी को सेना दिवस मनाया जाता है।
  5. विश्व युद्ध में भारत की भूमिका- पहला विश्व युद्ध जोकि साल 1914 से 1918 तक चला, इस युद्ध में भारत के करीब 13 लाख जवानों ने लड़ाई लड़ी। जिसमें से 74,187 सैनिक या तो शहीद हो गए या फिर लापता हो गए| इसके साथ-साथ भारत ने दूसरे विश्‍व युद्ध में भी हिस्सा लिया
  6. बेली पुल का निर्माण- बेली पुल दुनिया का सबसे ऊंचा पुल है। यह हिमालय पर्वत की द्रास और सुरु नदियों के बीच लद्दाख की घाटी में है। अगस्त 1982 में भारतीय सेना ने इसका निर्माण किया था।

    बेली पुल, लदाख
  7. दुनिया के सबसे बड़ी घुड़सवार सेना- भारत के पास विश्व की सबसे बड़ी घुड़सवार सेना है| विश्व में केवल तीन ही ऐसे देश है जिनके पास घुड़सवार सेना है।
  8. भारत की सेना दुनिया के सबसे ऊंचे युद्ध क्षेत्र सियाचिन में सक्रिय हैं। यह 16,000 फ़ीट की ऊंचाई पर स्तिथ हैं। आज़ादी के बाद यह इलाका भारत और पाकिस्तान किसी के कब्जे में नही था लेकिन जब पाकिस्तान ने अमेरिका को अपने नक्शे में सियाचिन को अपना हिस्सा दर्शाया तब भारत ने 13 अप्रैल 1984 में ऑपरेशन मेघदूत चलाया और सियाचिन को अपने अंडर में ले लिया। 1987, 1990, 1995, 1999 में पाकिस्तान ने  इसे कब्जाने की असफल कोशिश की थी। इस जगह पर तैनात  फौजियों को सख्त ट्रनिंग दी जाती हैं ताकि वह इतने ऊंचे इलाके में में रह सक। कहा जाता है कि इस इलाके में फौज को ऑपरेशनल रखने के लिए 5 करोड़ रुपए हर दिन खर्च किये जाते हैं।
  9. भारत-पाकिस्तान युद्ध- 1971 में भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध हुआ था| युद्ध में पराजय के बाद 93,000 पाकिस्तानी जवानो ने आत्‍मसमर्पण किया था और यह अब तक का सबसे बड़ा आत्‍मसमर्पण है।
  10. असम रायफल्स भारत की सबसे पुरानी पैरामिलट्री फोर्स है जिसकी स्थापना 1835 में की गयी थी।
  11. भारतीय सेना के नाम दुनिया का सबसे बड़ा बचाव अभियान रिकॉर्ड कायम हैं। उत्तराखंड में 2013 में आई बाढ़ के दौरान सेना के हेलिकॉप्टर्स ने 2140 बार उड़ाने भरी थी और 20,000 लोगो को बचाया था तथा 3, 82,400 kg की राहत सामगी पहुंचाई थी।
  12. दिसंबर 1948 में इंफेंटरी डिविषन स्की स्कूल स्थापित किया गया था जिसे अब हाइ आल्टिट्यूड वॉरफेर स्कूल  कहा जाता हैं । यहां ऊंचे बर्फीली जगह पर युद्ध लड़ने  की ट्रेनिंग दी जाती हैं। इस ट्रेनिंग में कई देशों की विशेष  ऑपरेशनल टीम  ट्रेनिंग लेती हैं। जैसे अमेरिका रूस, ब्रिटेन आदि|  कहा जाता है कि अफगानिस्तान वॉर के पहले अमेरिका के विशेष टीम ने यहां ट्रेनिंग ली थी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here