in

दौरे का पहला दिन / 3 घंटे में मोदी-ट्रम्प 7 बार गले मिले, 9 बार हाथ मिलाया; ट्रम्प ने भाषण में 50 बार इंडिया और मोदी ने 29 बार अमेरिका बोला

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के भारत दौरे के पहले दिन उनके और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच केमिस्ट्री देखने को मिली। दोनों नेता 5 महीने पहले हाउडी मोदी कार्यक्रम में मिले थे और इस बार अहमदाबाद के मोटेरा स्टेडियम में नमस्ते ट्रम्प कार्यक्रम में। ट्रम्प का विमान एयरफोर्स वन सोमवार सुबह 11 बजकर 36 मिनट पर अहमदाबाद एयरपोर्ट पहुंच गया था। यहां प्रधानमंत्री मोदी ने उनका स्वागत किया। ट्रम्प और फर्स्ट लेडी मेलानिया 3 घंटे तक अहमदाबाद में रहे। इन तीन घंटों में मोदी-ट्रम्प 7 बार गले मिले और 9 बार हाथ मिलाया। 

नमस्ते ट्रम्प कार्यक्रम में 6 बार गले मिले, 5 बार हाथ मिलाया
अहमदाबाद उतरते ही मोदी-ट्रम्प पहले गले मिले और फिर हाथ मिलाया। उसके बाद ट्रम्प साबरमती आश्रम पहुंचे। यहां भी मोदी ट्रम्प से पहले ही पहुंच गए थे। 11 मिनट तक ट्रम्प-मेलानिया यहां रुके, लेकिन इस बीच मोदी-ट्रम्प ने न ही हाथ मिलाया और न ही गले मिले। इसके बाद मोदी-ट्रम्प अलग-अलग मोटेरा स्टेडियम में आयोजित “नमस्ते ट्रम्प’ कार्यक्रम में पहुंचे। इस कार्यक्रम में मोदी-ट्रम्प 6 बार गले मिले, 5 बार हाथ मिलाया। उसके बाद ट्रम्प अहमदाबाद एयरपोर्ट पहुंचे, जहां से वे आगरा के लिए निकल गए। 

भाषण में मोदी ने 22 बार ट्रम्प बोला, ट्रम्प ने 12 बार मोदी का नाम लिया
मोटेरा स्टेडियम में 53 मिनट 12 सेकंड तक दोनों नेता रहे। ट्रम्प ने 27 मिनट और मोदी ने दो बार में 21 मिनट तक भाषण दिया। मोदी ने अपने भाषण में 41 बार इंडिया और 29 बार अमेरिका का नाम लिया। उन्होंने 22 बार ट्रम्प बोला। वहीं, डोनाल्ड ट्रम्प ने अपने भाषण में 50 बार इंडिया और 23 बार अमेरिका का नाम लिया। उन्होंने 13 बार मोदी का नाम भी लिया। ट्रम्प ने भाषण में 4 बार पाकिस्तान का जिक्र भी किया।

कौन-सा शब्द कितनी बार?

प्रधानमंत्री मोदीराष्ट्रपति ट्रम्प
शब्दकितनी बारशब्दकितनी बार
इंडिया41इंडिया50
अमेरिका29अमेरिका23
आतंकवाद2आतंकवाद7
नमस्ते ट्रम्प7डेमोक्रेसी5
दोस्ती14मोदी13
ट्रम्प22पाकिस्तान4
भारत-अमेरिका दोस्ती7दोस्ती5

Report

What do you think?

Written by Bhanu Pratap

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Loading…

0

सोन पहाड़ी पर 711 ईस्वी से जुड़े स्वर्ण भंडार का किस्सा, राजा बलशाह ने कोने-कोने में छिपाया था सौ मन सोना

दिग्विजय ने मोदी को चिट्ठी लिखकर पूछा- कोर्ट जिन्हें अपराधी मानता है, उन्हें राम मंदिर निर्माण ट्रस्ट में शामिल क्यों किया गया?